Aligarh
राजीव गांधी के प्रगतिशील विचार आज भी देश को दे रहे नई दिशा: एड० गवेंद्र सिंह।
अलीगढ़। देश के पूर्व प्रधानमंत्री और भारत रत्न से सम्मानित राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर बुधवार को दीवानी परिसर अलीगढ़ में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन अखिल भारतीय पंचायत परिषद के तत्वावधान में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न संगठनों से जुड़े लोगों ने भाग लेकर पूर्व प्रधानमंत्री को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान वक्ताओं ने राजीव गांधी के जीवन, उनके योगदान और देश के विकास के लिए किए गए कार्यों को याद किया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद ठाकुर गवेंद्र सिंह ने कहा कि राजीव गांधी प्रगतिशील विचारों वाले दूरदर्शी नेता थे, जिन्होंने भारत को आधुनिक तकनीक और विकास की नई दिशा देने का काम किया। उन्होंने कहा कि देश के सबसे युवा प्रधानमंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभालने वाले राजीव गांधी ने अपने कार्यकाल में ऐसे कई ऐतिहासिक फैसले लिए, जिनका लाभ आज भी देश को मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि राजीव गांधी का पूरा जीवन राष्ट्र निर्माण और भारत को 21वीं सदी के लिए तैयार करने में समर्पित रहा। उन्होंने देश में सूचना प्रौद्योगिकी और दूरसंचार क्रांति की नींव रखी। आज भारत जिस तरह दुनिया में सॉफ्टवेयर और तकनीकी महाशक्ति के रूप में अपनी पहचान बना रहा है, उसकी बुनियाद राजीव गांधी के समय में रखी गई थी। उन्होंने तकनीक को केवल बड़े शहरों तक सीमित न रखकर आम आदमी तक पहुंचाने की सोच विकसित की, जिससे देश के विकास को गति मिली।
ठाकुर गवेंद्र सिंह ने आगे कहा कि महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज के सपने को साकार करने के लिए राजीव गांधी ने पंचायती राज व्यवस्था को मजबूत किया। उनके प्रयासों से गांवों तक सीधे विकास की योजनाएं पहुंचीं और सत्ता के विकेंद्रीकरण को बढ़ावा मिला। उन्होंने कहा कि पंचायतों को सशक्त बनाकर गांवों के विकास का रास्ता खोला गया, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोकतंत्र और विकास दोनों मजबूत हुए।
उन्होंने यह भी कहा कि युवाओं को देश निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए राजीव गांधी ने 18 वर्ष की आयु में मतदान का अधिकार देकर एक ऐतिहासिक कदम उठाया। इससे देश के करोड़ों युवाओं को लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी युवाओं और महिलाओं की भागीदारी वाले सशक्त और आत्मनिर्भर भारत की कल्पना करते थे।
श्रद्धांजलि सभा में मौजूद वक्ताओं ने कहा कि राजीव गांधी की पुण्यतिथि केवल शोक का दिन नहीं, बल्कि उनके विचारों और सपनों के भारत को याद करने का अवसर भी है। वक्ताओं ने कहा कि उनके दिखाए रास्ते पर चलना और उनके आदर्शों को अपनाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
इस अवसर पर दुर्गेश चंद्र गौतम, कुंवर आरिफ अली, सुशील गुप्ता, रजनी रावत, कुंवर कुशवीर सिंह, जयप्रकाश रावत, सतीश चंद शर्मा, विनोद कुमार सहित कई गणमान्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए और राजीव गांधी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर पूर्व प्रधानमंत्री को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
05/21/2026 12:59 PM


















