Aligarh
सरकार द्वारा अधिक गृहकर वसूलने के विरोध में भाजपा के सांसद, विधायक एवं पार्षद ने खोला मोर्चा: महापौर ने सबसे पहले गृहकर बढ़ाने का विरोध किया था।
अलीगढ़। उत्तर प्रदेश के जनपद अलीगढ़ में प्रापर्टी टैक्स के विरोध में शुक्रवार को आम जनता के साथ जनप्रतिनिधि भी उतर आए। भाजपा सांसद सतीश गौतम, विधायक अनिल पाराशर व पार्षद वीरेंद्र सिंह ने प्रोपर्टी टैक्स की बढ़ी दरों का विरोध किया। जनता से अपील की कि 2017 से बढ़ाई गई इन दरों का बहिष्कार करें। शुक्रवार को कयामपुर स्थित भाजपा कार्यालय पर आयोजित प्रेसवार्ता में इन जनप्रतिनिधियों ने कहा कि आवश्यकता पड़ी तो मामले को शासन तक भी ले जाया जाएगा।
नगर निगम ने 2017 से संपत्ति कर की दरें बढ़ाकर बिल जारी किए हैं। निगम अधिकारी का तर्क है कि संशोधित दरें तो 2013 से लागू होनी थीं। लेकिन, विरोध के चलते कर न सके। अब 2017 से दरें बढ़ाई गई हैं। प्रेसवार्ता में पार्षद दल के नेता वीरेंद्र सिंह ने कहा कि जब 2017 में दरें बढ़ा दी गईं तो तभी इसे लागू कर देना चाहिए। पिछले पांच साल का एक साथ बिल जारी करना न्यायोचित नहीं है। नगर निगम संशोधित बिलों पर आपत्तियां मांग रहा है। जबकि, नगर निगम अधिनियम के अनुसार आपत्तियाें के निस्तारण के बाद ही नई दरें लागू की जानी चाहिए। 2022 में आपत्तियां मांगी गई हैं तो दरें 2023 में लागू हों। काेल विधायक अनिल पाराशर ने कहा कि नगर निगम अधिकारी मनमानी कर रहे हैं। इसे सहन नहीं किया जाएगा। जनता से अपील है कि बढ़ाई गई दरों का बहिष्कार किया जाए।
पूर्व शहर विधायक संजीव राजा ने कहा कि Property Tax की बढ़ाई गई दरें नियमानुसार नहीं हैं। किसी को बढ़ाई गई दरों के साथ बिल जमा करने की आवश्यकता नहीं है। सांसद सतीश गौतम ने भी इसका विरोध किया। उन्होंने कहा कि नगर निगम की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी। संपत्ति कर को लेकर जो निर्णय लिया गया है, उसे वापस लेना होगा। जनप्रतिनिधि जनता के साथ हैं, उनका अहित नहीं होने दिया जाएगा।
प्रेसवार्ता में शहर विधायक मुक्ता राजा, महानगर अध्यक्ष डा. विवेक सारस्वत, पार्षद दिनेश गुप्ता, उपसभापति डा. मुकेश शर्मा, कुलदीप पांडेय, अनीता जैन, वैभव गौतम, हिमांशु शर्मा आदि थे।
07/15/2022 08:38 PM