Aligarh
जिलाधिकारी अलीगढ़ से भ्रूण लिंग की जांच के खिलाफ निजी अस्पताल के खिलाफ कार्यवाही की मांग:
अलीगढ़। आज गुरुवार को जिलाधिकारी अलीगढ़ को एक निजी अस्पताल में रुपए पैसे लेकर भ्रूण लिंग की जांच के विरुद्ध कठोरतम कार्यवाही के लिए प्रार्थना पत्र दिया जिसमें समाजसेवी ने अस्पताल में हो रही भ्रूण लिंग की जांच पर कड़ी कार्यवाही की मांग करते हुए कहा कि वहां रुपए 10000 लेकर भ्रूण लिंग जांच की जा रही है, इस पर तुरंत जिलाधिकारी कार्यालय ने संज्ञान लेकर एसीएम-2 को जांच के आदेश दिए जो सीएमओ को लेकर इस गंभीर प्रकरण की जांच कर कार्यवाही करेंगे।
भ्रूण लिंग की जांच करना भले ही सरकार ने एक संगीन अपराध माना हो भले ही भ्रूण लिंग की जांच करने वाले के खिलाफ सख्त दंडात्मक कानून बनाए गए हो, और भले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बेटी बचाओ बेटी पढाओ का नारा दे रहे हो और बेटा बेटी को एक समान मान रहे हो लेकिन कुछ व्यापारी जो डॉक्टर का सफेद कोट पहनकर इसकी धज्जियां उड़ा रहे हैं।
यह वाकया एक अलीगढ़ के रामघाट रोड स्थित निजी अस्पताल में किया जा रहा है जिसमें 10000 रूपये लेकर महिला का भ्रुण लिंग की जांच कर खुलेआम किया जा रहा है कानून का उल्लंघन, संचालक के हौसले इतने बुलंद हैं कि ऐसे अपराध को खुलेआम किया जा रहा हैं ये काम या तो राजनीतिक कुर्सी पर बैठकर किसी की आढ में हो रहा है या फिर लोभ लालच के कारण ये जाँच का विषय है | खुलेआम कर रहे अपराध को अस्पताल संचालक ने अस्पताल के बाहर भ्रुण लिंग की जांच का नोटिस बोर्ड भी नहीं लगाया महिला का फॉर्म एफ भरकर 10000 रूपये लेकर लड़का बताया जिसकी वीडियो स्टिंग के जरिए बनाई गई, समाजसेवी ने अस्पताल के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की मांग जिलाधिकारी एवं सीएमओ से की है।
आपको बता दें कि "प्रे न्यू नेटल डायग्नोस्टिक टेक्निकल एक्ट" PCPNDT ACT व प्रीवेंशन ऑफ सेक्स इलेक्शन एक्ट के तहत अस्पताल में हो भ्रुण लिंग परीक्षण का नोटिस लगाया जाना आवश्यक है, मशीन का पंजीकरण प्रमाण पत्र चिकित्सक एवं स्टाफ का नाम और उसकी क्वालिफिकेशन नोटिस पर लगाना आवश्यक है उसके साथ ही पीसीपीएनडीटी एक्ट की किताब भी जनता के सामने रखना आवश्यक है, एवं फॉर्म एफ को भरना भी आवश्यक है, भ्रूण जाँच करने वाले के विरुद्ध 3 साल की जेल एवं जुर्माना और अस्पताल एवं डॉक्टर का लाइसेंस निरस्त किया जा सकता है राज्य सरकार की 2017 मोहित योजना के तहत कोई भी व्यक्ति ऐसे अस्पताल पर जहां भ्रूण जाँच होती है उस पर छापामार कार्यवाही करवा सकता है, जिसमें राज्य सरकार 3 लोगों को भुगतान भी करती है।
03/24/2022 07:13 PM


















